भारतीय सिविल सेवा, स्वतंत्रता बाद के छह दशकों में मानवता से जुड़ गई है।
कार्मिक मंत्रालय, लोक शिकायत और पेंशन29-अगस्त, 2014 17:39 IST
| डॉ. जितेंद्र सिंह ने यूपीएससी अनुशंसित आईएएस उम्मीदवारों को बधाई दी |
| कार्मिक, जन शिकायत एवं पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने यूपीएससी की सिविल सेवा परीक्षा- 2013 के आधार पर अनुशंसित उम्मीदवारों को एक संक्षिप्त समारोह में आज बधाई दी। इस परीक्षा में उच्च वरीयता प्राप्त कर आईएएस कैडर पाने वाले एक शारीरिक निशक्त उम्मीदवार सहित 14 प्रत्याशियों इस समारोह में उपस्थित थे। इस अवसर पर डॉ. सिंह ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के इन प्रत्याशियों की प्रशंसा करते हुए इन्हें नियुक्ति पत्र प्रदान किए। समय की कमी के कारण समारोह में केवल राजधानी के प्रत्याशियों को ही आमंत्रित किया गया था। डॉ. जितेंद्र सिंह ने समारोह में उद्गार व्यक्त करते हुए कहा कि यह समय इन नवयुवकों और युवतियों को सरकार का हिस्सा बनाने और लोगों की सेवा के लिए प्रोत्साहित करने का है। उन्होंने कहा कि ब्रिटिश उपनिवेश के दौर में शुरू हुई भारतीय सिविल सेवा, स्वतंत्रता बाद के छह दशकों में मानवता से जुड़ गई है। डॉ. सिंह ने युवा प्रशासनिक अधिकारियों से पिछले कुछ वर्षों के निराशावाद को पीछे छोड़ने और आम आदमी की सेवा की चुनौती को स्वीकार करने का कहा। इन प्रत्याशियों का फाउंडेशन कोर्स जल्द ही मसूरी के लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासनिक अकादमी में शुरू होगा। सिविल सेवा परीक्षा 2013 के आधार पर संघ लोक सेवा आयोग ने 1122 प्रत्याशियों की अनुशंसा सिविल सेवा के लिए की थी। कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग ने निर्धारित मानदंडों के आधार पर 996 प्रत्याशियों को नियुक्त किया है। जिनमें से 180 प्रत्याशियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा के लिए नियुक्त किया गया है। यूपीएससी हर वर्ष सिविल सेवा परीक्षा के आधार पर 24 सेवाओं के लिए उम्मीदवारों के अनुशंसा करती है। केंद्र सरकार के अंतर्गत आईएएस/आईपीएस/आईएफएस और समूह ए और बी की सेवाओं के लिए उम्मीदवारों के अनुशंसा की जाती है। इसके बाद कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग अनुशंसित उम्मीदवारों के कैडर का निर्धारण परीक्षा की रैंक, उनकी प्राथमिकता, शारीरिक उपयुक्तता और रिक्त स्थानों की उपलब्धता के आधार पर करता है। कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग के सचिव श्री संजय कोठारी और विभाग के वरिष्ठ अधिकारी इस समारोह में उपस्थित थे। वि.कासोटिया/एएम/डीपी/एसकेपी-3422 |
Comments
Post a Comment